आसनसोल, 7 मई 2026
पश्चिम बंगाल विधानसभा चुनाव में भाजपा की ऐतिहासिक जीत के बाद अब जिले की राजनीति में तेजी से नए समीकरण बनते दिखाई दे रहे हैं। 207 सीटों के प्रचंड बहुमत के बाद भाजपा नेताओं के घरों पर समर्थकों, स्थानीय लोगों और यहां तक कि विरोधी दलों के नेताओं का पहुंचना लगातार चर्चा का विषय बना हुआ है।
इसी राजनीतिक हलचल के बीच पांडेश्वर से नव निर्वाचित भाजपा विधायक और आसनसोल नगर निगम के पूर्व मेयर जितेंद्र तिवारी का एक बयान अब पूरे जिले में सियासी चर्चा का केंद्र बन गया है। उन्होंने साफ शब्दों में कहा—
“मैं जिस झंडे पर विश्वास करता हूं और जिस झंडे को लेकर काम करता हूं, वही झंडा जल्द नगर निगम में जाएगा।”
उनके इस बयान को आसनसोल नगर निगम में बड़े राजनीतिक बदलाव के संकेत के रूप में देखा जा रहा है।
सुबह से लगा रहा शुभकामनाओं का तांता
गुरुवार को आसनसोल स्थित जितेंद्र तिवारी के आवास पर सुबह से ही समर्थकों, भाजपा कार्यकर्ताओं और स्थानीय लोगों की भीड़ लगी रही। लोग फूल-माला, मिठाई और गुलदस्ते लेकर पहुंचे और उन्हें चुनावी जीत की बधाई दी।

लेकिन सबसे ज्यादा चर्चा उस समय शुरू हुई जब आसनसोल नगर निगम के वार्ड नंबर 19 की तृणमूल पार्षद ऊषा रजक अपने पति के साथ जितेंद्र तिवारी के घर पहुंचीं। उन्होंने विधायक को जीत की शुभकामनाएं दीं और कुछ देर बातचीत भी की।
इस मुलाकात ने राजनीतिक गलियारों में कई सवाल खड़े कर दिए। स्थानीय स्तर पर चर्चा शुरू हो गई कि क्या आने वाले दिनों में नगर निगम की राजनीति में भी बड़ा उलटफेर देखने को मिल सकता है।
“मैंने पहले ही कहा था, वापस लौटूंगा”
मीडिया से बातचीत के दौरान जितेंद्र तिवारी ने कहा कि जब उन्होंने आसनसोल नगर निगम छोड़ा था, उसी समय उन्होंने संकेत दिया था कि वह दोबारा वापसी करेंगे।
उन्होंने कहा—
“नगर निगम में बदलाव तय है। आने वाले समय में वहां झंडे का परिवर्तन होगा। मेयर कोई भी बने, लेकिन बोर्ड भाजपा का होगा।”
उनके इस बयान को भाजपा की नगर निगम पर नजर और संगठनात्मक आत्मविश्वास के रूप में देखा जा रहा है।
भाजपा की जीत के बाद बदलते दिख रहे समीकरण
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि विधानसभा चुनाव में भाजपा की बड़ी जीत के बाद जिले में राजनीतिक माहौल तेजी से बदल रहा है। कई स्थानीय नेता और जनप्रतिनिधि अब भाजपा नेतृत्व के साथ संपर्क बढ़ाते नजर आ रहे हैं।
विशेषज्ञों का कहना है कि अगर आने वाले समय में नगर निगम में भी राजनीतिक समीकरण बदले, तो आसनसोल की राजनीति में एक बड़ा परिवर्तन देखने को मिल सकता है।
सोशल मीडिया पर वायरल हुआ बयान
जितेंद्र तिवारी का “झंडा बदलने” वाला बयान अब सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहा है। भाजपा समर्थक इसे “परिवर्तन की शुरुआत” बता रहे हैं, जबकि विपक्षी दल इसे राजनीतिक दबाव बनाने की रणनीति कह रहे हैं।
हालांकि एक बात साफ है— विधानसभा चुनाव के बाद अब आसनसोल नगर निगम की राजनीति पर पूरे जिले की नजर टिक गई है।














