आसनसोल:
आसनसोल नगर निगम एक बार फिर सियासी विवाद का केंद्र बन गया है। इस बार मुद्दा किसी योजना या विकास कार्य का नहीं, बल्कि एक तस्वीर का है। मेयर कक्ष में पूर्व मुख्यमंत्री ममता बनर्जी की तस्वीर लगे होने पर राजनीतिक घमासान शुरू हो गया है।
⚡ BJP ने उठाए कड़े सवाल
भाजपा नेता केशव पोद्दार ने इस मुद्दे पर कड़ी आपत्ति जताई है।
👉 उनका कहना है कि ममता बनर्जी अब मुख्यमंत्री नहीं हैं
👉 इसलिए सरकारी कार्यालय में उनकी तस्वीर रखना उचित नहीं
👉 उन्होंने तत्काल तस्वीर हटाने की मांग की
🏛️ “अब शुभेंदु अधिकारी की तस्वीर लगे”—बीजेपी
केशव पोद्दार ने साफ कहा—
👉 वर्तमान मुख्यमंत्री शुभेंदु अधिकारी हैं
👉 सरकारी दफ्तरों में अब उनकी तस्वीर लगनी चाहिए
👉 निगम प्रशासन को तुरंत कदम उठाना चाहिए
🗣️ मेयर का जवाब—“आदेश मिलते ही करेंगे कार्रवाई”
इस पूरे विवाद पर प्रतिक्रिया देते हुए आसनसोल नगर निगम के मेयर विधान उपाध्याय ने कहा—
👉 अभी तक सरकार की ओर से कोई आधिकारिक निर्देश नहीं मिला है
👉 आदेश मिलते ही नियम के अनुसार कार्रवाई की जाएगी
🔥 शहर की राजनीति गरमाई
इस मुद्दे के सामने आते ही—
👉 शहर में सियासी माहौल गर्म हो गया है
👉 विभिन्न दलों के बीच बयानबाजी तेज हो गई है
👉 इसे “पोस्टर पॉलिटिक्स” का नया उदाहरण बताया जा रहा है
🔍 क्या है पूरा मामला?
👉 मेयर कक्ष में पूर्व मुख्यमंत्री की तस्वीर लगी हुई है
👉 सत्ता परिवर्तन के बाद भी तस्वीर नहीं बदली गई
👉 इसी को लेकर विवाद खड़ा हुआ है
राजनीतिक विश्लेषकों का मानना है कि यह मुद्दा आने वाले समय में और बड़ा रूप ले सकता है।
⚖️ प्रशासन पर बढ़ा दबाव
👉 निगम प्रशासन पर अब निर्णय लेने का दबाव
👉 क्या तस्वीर बदलेगी या रहेगा यथास्थिति?
👉 सबकी नजर अब सरकारी आदेश पर टिकी है
🔍 निष्कर्ष
आसनसोल नगर निगम का यह विवाद केवल एक तस्वीर तक सीमित नहीं है, बल्कि यह बदलते राजनीतिक समीकरणों की झलक भी दिखाता है।
👉 आने वाले दिनों में यह मुद्दा और तूल पकड़ सकता है
👉 प्रशासन का फैसला तय करेगा आगे की दिशा
❗ फिलहाल, शहर में “तस्वीर की राजनीति” चर्चा का सबसे बड़ा विषय बनी हुई है।















