आसनसोल: आगामी श्रावणी मेला और पवित्र सावन माह को ध्यान में रखते हुए आसनसोल की सामाजिक संस्था ‘मुख्य मार्ग’ ने एक अहम पहल की है। मंगलवार को संस्था की ओर से पश्चिम बर्दवान जिला शासक कार्यालय, आसनसोल में एक ज्ञापन सौंपा गया, जिसमें होटलों के बोर्ड पर प्रोपराइटर (मालिक) का नाम बड़े और स्पष्ट अक्षरों में लिखने की मांग की गई है।
इस संबंध में ‘मुख्य मार्ग’ के जिला प्रमुख अशोक घोष ने बताया कि संस्था पहले भी क्षेत्र के होटल संचालकों से इस विषय पर अपील कर चुकी है। सावन के दौरान बड़ी संख्या में श्रद्धालु दूर-दराज से जलाभिषेक के लिए आसनसोल और आसपास के क्षेत्रों से होकर गुजरते हैं। ऐसे में उन्हें भोजन और नाश्ते के लिए कई होटलों में रुकना पड़ता है।
अशोक घोष ने कहा कि यदि होटल के बाहर लगे बोर्ड पर मालिक का नाम स्पष्ट और बड़े अक्षरों में अंकित रहेगा, तो श्रद्धालु अपनी सुविधा और विश्वास के अनुसार होटल का चयन कर सकेंगे। इससे उन्हें किसी भी प्रकार की खाने-पीने की अशुद्धि या भ्रम की स्थिति से बचने में मदद मिलेगी।
सूत्रों के अनुसार, सावन के महीने में आसनसोल और आसपास के इलाकों में श्रद्धालुओं की संख्या में कई गुना वृद्धि होती है। खासकर जलाभिषेक के लिए जाने वाले कांवड़ यात्रियों की भीड़ के चलते स्थानीय व्यवस्था पर अतिरिक्त दबाव पड़ता है। ऐसे में इस तरह की पहल को श्रद्धालुओं की सुविधा और सुरक्षा के दृष्टिकोण से महत्वपूर्ण माना जा रहा है।
संस्था का यह भी कहना है कि प्रशासन यदि इस मांग पर अमल करता है, तो इससे होटल व्यवसाय में पारदर्शिता बढ़ेगी और किसी भी प्रकार की गड़बड़ी या शिकायत की स्थिति में जिम्मेदार व्यक्ति की पहचान करना आसान होगा।
इस ज्ञापन के बाद अब यह देखना दिलचस्प होगा कि जिला प्रशासन इस मांग पर क्या कदम उठाता है। क्या सावन शुरू होने से पहले ही इस नियम को लागू किया जाएगा, या यह सिर्फ एक सुझाव बनकर रह जाएगा—इस पर सभी की नजरें टिकी हैं।

