Tuesday, 6 October 2026
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आसनसोल-दुर्गापुर

आसनसोल में वकीलों का सामूहिक विरोध, सुरक्षा और सम्मान की मांग को लेकर घड़ी मोड़ पर जुटे अधिवक्ता

Moutushi · 5 October 2026, 3:36 PM

आसनसोल: अधिवक्ताओं की सुरक्षा और सम्मान से जुड़े मुद्दों को लेकर सोमवार, 5 अक्टूबर 2026 को आसनसोल में वकीलों ने सामूहिक रूप से विरोध प्रदर्शन किया। दोपहर करीब 1 बजे अदालत के समीप घड़ी मोड़ पर विभिन्न अदालतों से जुड़े अधिवक्ता एकत्रित हुए और अपनी सुरक्षा से संबंधित चिंताओं को लेकर आवाज बुलंद की। प्रदर्शन के दौरान अधिवक्ताओं में एकजुटता देखने को मिली। वकीलों ने कहा कि न्याय व्यवस्था में महत्वपूर्ण भूमिका निभाने वाले अधिवक्ताओं की सुरक्षा को लेकर किसी भी स्तर पर लापरवाही नहीं होनी चाहिए।

यह सामूहिक विरोध विभिन्न अदालतों में अधिवक्ताओं के साथ कथित शारीरिक हमले, दुर्व्यवहार और सुरक्षा से जुड़ी घटनाओं को लेकर सामने आया। प्रदर्शन में शामिल अधिवक्ताओं ने ऐसी घटनाओं पर चिंता जताते हुए कहा कि अदालतों में न्यायिक प्रक्रिया को सुचारु रूप से आगे बढ़ाने में वकीलों की महत्वपूर्ण भूमिका होती है। ऐसे में उनके लिए सुरक्षित वातावरण सुनिश्चित करना आवश्यक है।

घड़ी मोड़ पर जुटे विभिन्न अदालतों के अधिवक्ता

सोमवार दोपहर करीब 1 बजे आसनसोल अदालत के समीप घड़ी मोड़ पर विभिन्न अदालतों के अधिवक्ता एकत्रित हुए। सामूहिक रूप से आयोजित इस कार्यक्रम के माध्यम से वकीलों ने अपनी सुरक्षा से जुड़े मुद्दों को प्रमुखता से सामने रखा।

घड़ी मोड़ पर अधिवक्ताओं की मौजूदगी के कारण लोगों का ध्यान भी इस विरोध प्रदर्शन की ओर गया। अधिवक्ताओं ने एकजुट होकर यह संदेश देने की कोशिश की कि सुरक्षा से जुड़े मामलों को अलग-अलग घटनाओं के रूप में नहीं देखा जाना चाहिए, बल्कि इस मुद्दे पर गंभीर और प्रभावी व्यवस्था की जरूरत है।

विरोध के दौरान अधिवक्ताओं ने अपनी मांगों और चिंताओं को सामने रखा तथा प्रशासन और संबंधित अधिकारियों का ध्यान इस दिशा में आकर्षित करने का प्रयास किया।

शारीरिक हमले और दुर्व्यवहार को लेकर नाराजगी

अधिवक्ताओं के अनुसार, विभिन्न अदालतों में वकीलों के साथ कथित शारीरिक हमले और दुर्व्यवहार की घटनाएं चिंता का विषय बन रही हैं। इन्हीं घटनाओं को लेकर अधिवक्ताओं में नाराजगी है। उनका कहना है कि यदि किसी अधिवक्ता के साथ अदालत परिसर या न्यायिक प्रक्रिया से जुड़े किसी स्थान पर सुरक्षा संबंधी समस्या पैदा होती है, तो उस पर गंभीरता से कार्रवाई होनी चाहिए।

वकीलों ने यह भी कहा कि किसी भी अधिवक्ता के साथ कथित मारपीट, दुर्व्यवहार या धमकी जैसी घटना को सामान्य नहीं माना जा सकता। ऐसी घटनाओं की निष्पक्ष जांच और जिम्मेदार लोगों के खिलाफ नियमानुसार कार्रवाई जरूरी है।

हालांकि, सामने आई जानकारी में किसी एक विशेष घटना या व्यक्ति का नाम लेकर आरोप तय नहीं किया गया है। अधिवक्ताओं का सामूहिक विरोध व्यापक रूप से सुरक्षा और सम्मान से जुड़े मुद्दों को लेकर था।

न्याय व्यवस्था में अधिवक्ताओं की महत्वपूर्ण भूमिका

अधिवक्ताओं ने कहा कि न्याय व्यवस्था में वकीलों की भूमिका बेहद महत्वपूर्ण है। वे अदालत में अपने पक्षकारों की ओर से कानूनी पक्ष रखते हैं और न्यायिक प्रक्रिया का हिस्सा होते हैं। ऐसे में उनके लिए ऐसा वातावरण होना चाहिए जहां वे बिना भय या दबाव के अपने पेशेवर दायित्वों का निर्वहन कर सकें।

प्रदर्शन में शामिल अधिवक्ताओं ने सुरक्षा के साथ-साथ सम्मान का मुद्दा भी उठाया। उनका कहना था कि अधिवक्ताओं के साथ किसी भी प्रकार का दुर्व्यवहार न्यायिक व्यवस्था के कामकाज पर भी असर डाल सकता है। इसलिए अधिवक्ताओं की सुरक्षा को व्यापक न्यायिक व्यवस्था का हिस्सा मानते हुए ठोस कदम उठाने की आवश्यकता है।

प्रशासन से गंभीर कार्रवाई की मांग

सामूहिक विरोध के दौरान अधिवक्ताओं ने प्रशासन और संबंधित अधिकारियों से अधिवक्ताओं से जुड़ी सुरक्षा घटनाओं को गंभीरता से लेने की मांग की। उनका कहना था कि यदि किसी वकील के साथ कथित हमला या दुर्व्यवहार होता है, तो मामले की जानकारी मिलने के बाद समय पर कार्रवाई होनी चाहिए।

अधिवक्ताओं ने ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकने के लिए प्रभावी कदम उठाने पर भी जोर दिया। उनका कहना था कि केवल घटना के बाद कार्रवाई करने के बजाय ऐसी व्यवस्था विकसित करने की जरूरत है, जिससे भविष्य में इस प्रकार की परिस्थितियां उत्पन्न ही न हों।

इसके अलावा अदालतों और उनके आसपास सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी प्रशासन को आवश्यक कदम उठाने चाहिए, ताकि अधिवक्ता, न्यायिक कर्मचारी, पक्षकार और आम लोग सुरक्षित माहौल में न्यायिक प्रक्रिया का हिस्सा बन सकें।

एकजुटता के साथ उठाई आवाज

घड़ी मोड़ पर आयोजित इस कार्यक्रम की सबसे महत्वपूर्ण बात अधिवक्ताओं की सामूहिक एकजुटता रही। विभिन्न अदालतों से जुड़े वकीलों ने एक साथ खड़े होकर अपनी सुरक्षा के मुद्दे को सामने रखा। इससे यह संदेश गया कि अधिवक्ता समुदाय अपने पेशे से जुड़े सुरक्षा संबंधी मामलों को लेकर गंभीर है।

विरोध के माध्यम से अधिवक्ताओं ने प्रशासन और संबंधित अधिकारियों का ध्यान अपनी मांगों की ओर आकर्षित किया। उन्होंने स्पष्ट किया कि न्याय व्यवस्था में अधिवक्ताओं की भूमिका को देखते हुए उनकी सुरक्षा और सम्मान सुनिश्चित किया जाना जरूरी है।

आगे क्या होगा, इस पर नजर

सोमवार को हुए सामूहिक विरोध के बाद अब अधिवक्ताओं की मांगों पर प्रशासन और संबंधित अधिकारियों की प्रतिक्रिया पर नजर रहेगी। अधिवक्ताओं की मुख्य मांग सुरक्षा से जुड़े मामलों में गंभीरता से कार्रवाई और भविष्य में ऐसी घटनाओं की रोकथाम को लेकर है।

आसनसोल में हुआ यह विरोध ऐसे समय सामने आया है जब न्यायिक प्रक्रिया में अधिवक्ताओं की सुरक्षा को लेकर देश के विभिन्न हिस्सों में समय-समय पर चर्चा होती रही है। स्थानीय स्तर पर अधिवक्ताओं का यह सामूहिक कार्यक्रम भी इसी व्यापक चिंता को सामने लाता है।

फिलहाल घड़ी मोड़ पर हुए इस विरोध प्रदर्शन के जरिए आसनसोल के अधिवक्ताओं ने अपनी एकजुटता दिखाई और सुरक्षा तथा सम्मान से जुड़े मुद्दों को सार्वजनिक रूप से उठाया। अब यह देखना महत्वपूर्ण होगा कि उनकी मांगों पर प्रशासन किस तरह की पहल करता है और अधिवक्ताओं की सुरक्षा को लेकर आगे क्या कदम उठाए जाते हैं।

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