सिलीगुड़ी (दार्जिलिंग ज़िला): मालदा और मुर्शिदाबाद के बाद अब सिलीगुड़ी भी बंगाल की हिंसा की लपटों में आ गया है। वार्ड नंबर 4 के ज्योति नगर इलाके में सोमवार रात चरक पूजा के दौरान दो गुटों में अचानक हिंसक झड़प हो गई, जिससे पूरे इलाके में दहशत फैल गई। पत्थरबाजी, लाठीचार्ज और तोड़फोड़ ने आम जनजीवन को अस्त-व्यस्त कर दिया।
🔥 अफवाह बनी हिंसा की जड़, पुलिस ने किया बल प्रयोग
घटना के तुरंत बाद सिलीगुड़ी पुलिस कमिश्नर सी. सुधाकर भारी पुलिस बल और डीसीपी (वेस्ट) बीसी ठाकुर, डीसीपी (मुख्यालय) तन्मय सरकार के साथ मौके पर पहुंचे। दोनों पक्षों के लोग लाठियों और डंडों से लैस होकर आमने-सामने थे, जिसे नियंत्रित करने के लिए पुलिस को हल्का बल प्रयोग करना पड़ा।
इसके बाद दो कंपनी रैफ (RAF) को तैनात कर इलाके को पुलिस छावनी में बदल दिया गया। स्थिति फिलहाल नियंत्रण में है लेकिन माहौल तनावपूर्ण बना हुआ है।
🧱 पत्थरबाजी में कई घायल, घरों की खिड़कियां टूटीं
स्थानीय लोगों के अनुसार, अचानक हुई पत्थरबाजी में कई लोग घायल हुए हैं। कई घरों की खिड़कियां और खपरैल टूट गईं। घटना के बाद स्थानीय लोगों में दहशत का माहौल है। चरक पूजा, जो बंगाल की सांस्कृतिक पहचान है, वहां इस तरह की हिंसा ने सभी को चौंका दिया है।
📣 पुलिस की अपील: अफवाहों पर ध्यान न दें
पुलिस कमिश्नर ने प्रेस को बताया, “एक अफवाह के चलते यह झड़प हुई। हमने समय पर मोर्चा संभाल लिया, अब स्थिति सामान्य हो रही है।” पुलिस ने लोगों से शांति बनाए रखने और किसी भी तरह की अफवाहों से बचने की अपील की है।
🛑 बंगाल में बढ़ती हिंसा: ये एक चिंताजनक ट्रेंड?
बता दें कि हाल ही में मालदा के मोथाबाड़ी और मुर्शिदाबाद में भी सांप्रदायिक तनाव और हिंसा की घटनाएं सामने आई थीं। मुर्शिदाबाद में स्थिति अभी भी पूरी तरह शांत नहीं हुई है। अब सिलीगुड़ी में भी ऐसी घटनाएं सामने आना राज्य प्रशासन के लिए एक गंभीर चेतावनी है।













