आसनसोल
भारतीय रेलवे ने एक बार फिर तकनीकी प्रगति की ओर कदम बढ़ाते हुए आसनसोल रेल मंडल में रेल संचालन को पूरी तरह डिजिटल प्लेटफॉर्म पर अपग्रेड करने की दिशा में एक महत्वपूर्ण मील का पत्थर स्थापित किया है। अब पुराने मैनुअल सिस्टम को अलविदा कहते हुए अत्याधुनिक डिजिटल तकनीकों को अपनाया जा रहा है, जिससे पूरे नेटवर्क में संचालन और अधिक सुरक्षित, सुगम और कुशल बन सके।
🔧 क्या है यह तकनीकी उन्नयन?
रेलवे मंडल द्वारा लागू की गई इस योजना के तहत—
- पुराने सिग्नल और कंट्रोल सिस्टम को स्मार्ट डिजिटल सिस्टम से बदला जा रहा है।
- रीयल-टाइम मॉनिटरिंग और AI आधारित कंट्रोल से रेल यातायात पर बेहतर नियंत्रण।
- इससे ना केवल ट्रेन संचालन तेज़ और सटीक होगा, बल्कि ह्यूमन एरर की संभावना भी न्यूनतम होगी।
🏭 औद्योगिक क्षेत्र को मिलेगा बड़ा लाभ
आसनसोल एक प्रमुख औद्योगिक हब है। यह अपग्रेडेशन इस क्षेत्र की औद्योगिक और वाणिज्यिक गतिविधियों को नई रफ्तार देगा, जिससे मालगाड़ियों की गति और विश्वसनीयता में वृद्धि होगी।
रेलवे अधिकारियों ने बताया कि यह पहल रेलवे के ‘विजन 2047’ का हिस्सा है, जिसके तहत भारत के रेल नेटवर्क को विश्वस्तरीय बनाया जाएगा।
📢 रेलवे अधिकारियों का क्या कहना है?
रेल मंडल के वरिष्ठ अधिकारी ने कहा—
“यह सिर्फ तकनीकी बदलाव नहीं, बल्कि आसनसोल मंडल के भविष्य की नींव है। इससे यात्रियों को बेहतर सेवा और उद्योगों को तेज़ लॉजिस्टिक समर्थन मिलेगा।”
🌟 यह बदलाव क्यों है खास?
✅ स्मार्ट सिग्नलिंग सिस्टम
✅ बढ़ी हुई सुरक्षा और कम दुर्घटनाएं
✅ बेहतर समयपालन (Punctuality)
✅ उद्योगों को कुशल सप्लाई चैन
✅ यात्रियों को भरोसेमंद सेवा










