आसनसोल: बहुचर्चित अवैध कोयला तस्करी मामले में गुरुवार को आरोपी अनूप माझी उर्फ लाला ने आसनसोल अदालत में पेश होकर एक बार फिर पूरे मामले को सुर्खियों में ला दिया। सफेद रंग की स्कॉर्पियो गाड़ी से अपने सुरक्षा कर्मियों के साथ अदालत परिसर पहुंचे अनूप माझी सीधे सीबीआई कोर्ट में प्रवेश कर गए, जहां इस चर्चित मामले की सुनवाई निर्धारित थी।
उनकी पेशी को लेकर अदालत परिसर में असामान्य हलचल और सुरक्षा व्यवस्था देखने को मिली। हालांकि, निर्धारित दिन पर सुनवाई नहीं हो सकी क्योंकि न्यायाधीश और मामले से जुड़े अन्य आरोपी उपस्थित नहीं हो पाए। अब इस हाई-प्रोफाइल केस की अगली सुनवाई 27 मार्च को तय की गई है।
सुप्रीम कोर्ट के फैसले के बाद बढ़ी मामले की गंभीरता
गौरतलब है कि इस मामले में हाल ही में सुप्रीम कोर्ट द्वारा अनूप माझी को मिली गिरफ्तारी से अंतरिम सुरक्षा को हटा दिया गया है। इसके साथ ही सर्वोच्च न्यायालय ने प्रवर्तन निदेशालय (ईडी) को उन्हें 14 दिनों की हिरासत में लेकर पूछताछ करने की अनुमति भी प्रदान की है। सूत्रों के अनुसार, यह महत्वपूर्ण आदेश लगभग एक सप्ताह पूर्व जारी किया गया था, जिसके बाद से मामले ने नया मोड़ ले लिया है।
अदालत परिसर में चर्चा का माहौल
अनूप माझी उर्फ लाला की पेशी को लेकर अदालत परिसर में वकीलों, सुरक्षा एजेंसियों और आम लोगों के बीच चर्चा का माहौल बना रहा। इस बहुचर्चित अवैध कोयला तस्करी मामले को पूर्वी भारत के सबसे बड़े आर्थिक अपराध मामलों में से एक माना जा रहा है, जिसमें कई बड़े नामों की जांच भी विभिन्न एजेंसियों द्वारा की जा रही है।
सूत्रों का कहना है कि केंद्रीय अन्वेषण ब्यूरो (सीबीआई) और अन्य जांच एजेंसियां इस मामले की हर कड़ी को खंगाल रही हैं, ताकि तस्करी के नेटवर्क और उससे जुड़े आर्थिक लेन-देन का पूरा खुलासा किया जा सके।
आगे क्या होगा, सबकी नजर कोर्ट पर
अनूप माझी की अदालत में पेशी को जांच के लिहाज से बेहद अहम माना जा रहा है। अब सबकी निगाहें सीबीआई कोर्ट के आगामी आदेश और 27 मार्च की सुनवाई पर टिकी हैं, जो इस बहुचर्चित अवैध कोयला तस्करी मामले की दिशा और भविष्य तय कर सकती है।
जांच एजेंसियों की सक्रियता और अदालत की अगली कार्यवाही के मद्देनजर यह मामला आने वाले दिनों में और भी ज्यादा राजनीतिक और कानूनी रूप से महत्वपूर्ण होता नजर आ रहा है।











