आसनसोल: शहर के विकास कार्यों को नई गति देने और ठेकेदारों की समस्याओं के समाधान के लिए गुरुवार को आसनसोल नगर निगम में एक महत्वपूर्ण उच्चस्तरीय बैठक आयोजित की गई। इस बैठक में मेयर विधान उपाध्याय, नगर निगम कमिश्नर एकम जे सिंह, मेयर परिषद सदस्य गुरदास चटर्जी, बोरो अध्यक्ष उत्पल सिन्हा सहित कई वरिष्ठ अधिकारी उपस्थित रहे।
ठेकेदारों की परेशानी पर हुआ मंथन
बैठक के दौरान नगर निगम से जुड़े ठेकेदारों के सामने आ रही समस्याओं पर विस्तार से चर्चा की गई। पिछले कई दिनों से फंड की कमी और प्रशासनिक प्रक्रियाओं के कारण कई परियोजनाएं प्रभावित हो रही थीं, जिससे शहर में चल रहे विकास कार्यों की रफ्तार धीमी पड़ गई थी।
सूत्रों के अनुसार, सड़क निर्माण, ड्रेनेज सुधार, जल निकासी और अन्य बुनियादी परियोजनाओं में भी देरी देखी जा रही थी, जिससे स्थानीय लोगों में असंतोष बढ़ रहा था।
फंड मिलते ही दूर हुई सबसे बड़ी अड़चन
मेयर परिषद सदस्य गुरदास चटर्जी ने जानकारी देते हुए कहा कि नगर निगम को अब आवश्यक फंड प्राप्त हो चुका है, जिससे ठेकेदारों को काम करने में आने वाली आर्थिक और प्रशासनिक बाधाएं काफी हद तक समाप्त हो जाएंगी।
उन्होंने आश्वासन दिया कि अब ठेकेदार बिना किसी रुकावट के अपने कार्य को सुचारु रूप से आगे बढ़ा सकेंगे और लंबित परियोजनाओं को प्राथमिकता के आधार पर पूरा किया जाएगा।
शहर के विकास को तेज करने की बनी नई योजना
बैठक में इस बात पर भी विशेष जोर दिया गया कि आने वाले महीनों में शहर के इंफ्रास्ट्रक्चर विकास को किस तरह तेज किया जाए। अधिकारियों ने तय किया कि अधूरे पड़े विकास कार्यों की सूची तैयार कर उन्हें चरणबद्ध तरीके से पूरा किया जाएगा।
इसके साथ ही निगरानी व्यवस्था को और मजबूत करने तथा कार्यों की गुणवत्ता सुनिश्चित करने पर भी चर्चा हुई, ताकि जनता को बेहतर नागरिक सुविधाएं मिल सकें।
जनता को मिलेगा सीधा लाभ
विशेषज्ञों का मानना है कि फंड उपलब्ध होने के बाद सड़क मरम्मत, नाली निर्माण, स्वच्छता और शहरी सौंदर्यीकरण से जुड़े कार्यों में तेजी आएगी, जिसका सीधा लाभ आम नागरिकों को मिलेगा।
नगर निगम के इस कदम को शहर के समग्र विकास की दिशा में एक सकारात्मक पहल माना जा रहा है, जिससे आसनसोल में लंबे समय से रुकी परियोजनाएं जल्द ही जमीन पर दिखाई दे सकती हैं।











