कोलकाता/उत्तर 24 परगना:
पश्चिम बंगाल में एक बार फिर राजनीतिक हिंसा का मामला सामने आया है। उत्तर 24 परगना जिले के बनगांव सांगठनिक भाजपा जिलाध्यक्ष विकास घोष की कार पर कथित रूप से हमला किया गया। आरोप है कि तृणमूल कांग्रेस के समर्थकों ने न केवल गाड़ी में तोड़फोड़ की, बल्कि कार चालक और दो भाजपा कार्यकर्ताओं की पिटाई भी की।
घटना के बाद इलाके में भारी तनाव फैल गया। भाजपा नेताओं और कार्यकर्ताओं ने बनगांव थाने के सामने जमकर विरोध प्रदर्शन किया और आरोपितों की तत्काल गिरफ्तारी की मांग की।
🗣️ क्या बोले विकास घोष?
भाजपा जिलाध्यक्ष विकास घोष ने बताया कि रविवार रात वह घर लौट रहे थे, तभी दत्तापाड़ा के कोरारबागान मोड़ के पास उनकी कार को घेर लिया गया। उन्होंने आरोप लगाया कि हमलावर तृणमूल कांग्रेस के समर्थक थे, जिन्होंने अचानक गाड़ी पर हमला कर दिया। इस हमले में वाहन को नुकसान पहुंचा और कार में सवार लोग घायल हो गए।
🚫 तृणमूल का पलटवार
वहीं, बनगांव सांगठनिक तृणमूल कांग्रेस के जिला उपाध्यक्ष प्रसेनजीत घोष ने भाजपा के सभी आरोपों को सिरे से खारिज कर दिया। उन्होंने दावा किया कि इस घटना में तृणमूल कांग्रेस का कोई हाथ नहीं है। उनके अनुसार, सड़क पर गाड़ी खड़े होने से जाम की स्थिति बन गई थी, जिससे स्थानीय लोगों में नाराजगी फैल गई और उसी दौरान विरोध हुआ। तृणमूल ने इसे जनता का स्वतःस्फूर्त आक्रोश बताया है।
🚨 भाजपा का विरोध प्रदर्शन
घटना के बाद भाजपा कार्यकर्ताओं ने बनगांव थाने के सामने प्रदर्शन करते हुए कहा कि राज्य में लगातार भाजपा नेताओं को निशाना बनाया जा रहा है। उन्होंने आरोप लगाया कि सत्तारूढ़ दल के संरक्षण में ऐसी घटनाएं हो रही हैं और पुलिस निष्क्रिय बनी हुई है।
📌 पहले भी हो चुके हैं हमले
यह घटना बंगाल में भाजपा नेताओं पर हुए पिछले हमलों की कड़ी में एक और मामला जोड़ती है।
- अक्टूबर 2025 में उत्तर बंगाल में बाढ़ पीड़ितों से मिलने गए मालदा के सांसद खगेन मुर्मू और सिलीगुड़ी विधायक शंकर घोष पर नगरकाटा में भीड़ ने पत्थर, चप्पल और लाठी-डंडों से हमला किया था। सांसद खगेन मुर्मू गंभीर रूप से घायल हुए थे।
- इसके अलावा हाल ही में पश्चिम मेदिनीपुर के चंद्रकोना रोड में विधानसभा में नेता प्रतिपक्ष सुवेंदु अधिकारी के काफिले पर भी हमला हुआ था। आरोप है कि तृणमूल के झंडे लिए भीड़ ने उनकी बुलेटप्रूफ गाड़ी पर लाठियों से वार किया।
⚠️ राजनीतिक माहौल गरम
लगातार हो रही इन घटनाओं से साफ है कि पश्चिम बंगाल में राजनीतिक माहौल दिन-ब-दिन गरमाता जा रहा है। भाजपा ने राज्य सरकार पर कानून-व्यवस्था पूरी तरह विफल होने का आरोप लगाया है, जबकि तृणमूल कांग्रेस हर बार आरोपों को राजनीति से प्रेरित बता रही है।











