दुर्गापुर | मंगलवार, 3 जून 2025
दुर्गापुर महकमा अस्पताल में रविवार रात जो हुआ, उसने न केवल अस्पताल की सुरक्षा व्यवस्था पर सवाल खड़े कर दिए हैं, बल्कि मरीजों और कर्मियों की सुरक्षा को लेकर भी चिंता बढ़ा दी है। एक घायल युवक को लाने के बाद उसके साथ आए युवकों ने अस्पताल के इमरजेंसी गेट पर जमकर तोड़फोड़ मचाई, जिससे पूरे परिसर में दहशत फैल गई।
🩺 घायल दोस्त को लेकर पहुंचे, नहीं मिली एंट्री – फिर फूटा गुस्सा!
सूत्रों के मुताबिक, एक युवक सड़क दुर्घटना में घायल होकर अस्पताल लाया गया। जब सुरक्षा कर्मियों ने उसके दोस्तों को इमरजेंसी वार्ड में प्रवेश से रोका, तो गुस्साए युवकों ने न सिर्फ हाथापाई की, बल्कि गेट के शीशे तोड़ दिए और अस्पताल स्टाफ को भी निशाना बनाया।
इस हमले में अस्पताल के फैसिलिटी मैनेजर और अन्य कर्मचारी घायल हो गए।
👮 पुलिस की फुर्ती, चार आरोपी गिरफ्तार
न्यू टाउनशिप थाना पुलिस को जैसे ही खबर मिली, उन्होंने तत्काल मौके पर पहुंचकर स्थिति को संभाला।
सोमवार रात विधाननगर इलाके से चार आरोपियों को गिरफ्तार किया गया।
इन सभी को मंगलवार सुबह दुर्गापुर महकमा अदालत में पेश किया गया।
🧠 अस्पताल में दहशत, मरीजों में चिंता
घटना के दौरान अस्पताल परिसर में अफरा-तफरी मच गई।
रात के समय इलाज के लिए पहुंचे कई मरीजों और उनके परिजनों ने कहा कि उन्हें अपनी जान का डर लगने लगा था।
एक मरीज के परिजन ने कहा:
“अगर अस्पताल में ही सुरक्षित नहीं हैं, तो इलाज कहां कराएं?”
🔐 सवालों के घेरे में अस्पताल की सुरक्षा
इस घटना के बाद अस्पताल प्रबंधन और स्वास्थ्य विभाग की सुरक्षा व्यवस्था पर भी सवाल उठने लगे हैं।
क्या अस्पतालों में पर्याप्त सुरक्षा बल है?
क्या इमरजेंसी गेट पर CCTV और गार्ड की व्यवस्था पर्याप्त है?
📢 स्थानीय लोगों की मांग: “अस्पताल में पुलिस चौकी होनी चाहिए!”
वार्डवासियों और सामाजिक संगठनों ने दुर्गापुर अस्पताल परिसर में स्थायी पुलिस चौकी की मांग की है, ताकि ऐसी घटनाओं की पुनरावृत्ति रोकी जा सके।













