🌸 कालीपहाड़ी, आसनसोल बना आध्यात्मिक ऊर्जा का केंद्र
आसनसोल: माँ घाघर बुधि मंदिर, कालीपहाड़ी में इस वर्ष 39वां श्री फलाहारिणी कालिका पूजा का आयोजन अत्यंत भव्य रूप से किया जा रहा है। यह आयोजन 24 मई से प्रारंभ होकर 27 मई 2025 की सुबह तक चलेगा।
इस जानकारी को धर्म चक्र सेवा समिति ने एक प्रेस वार्ता में साझा किया, जिसमें समिति के अध्यक्ष रूपेश शॉ सहित कई प्रमुख सदस्य उपस्थित थे।
🌺 पूजा कार्यक्रम का विशेष आकर्षण:
📅 24 मई:
🔸 अष्टजाम कीर्तन – राम मंदिर में 24 घंटे का अखंड कीर्तन
📅 25 मई:
🔸 सुबह 6:30 बजे – भव्य शोभायात्रा (PNT ग्राउंड से मंदिर तक)
📅 26 मई:
🔸 सुबह 10:00 बजे – कुमारी पूजन
🔸 शाम 7:30 बजे – फलाहारिणी कालिका पूजा
🔸 रात 8:30 बजे – गंगा आरती की तर्ज पर माँ की आरती
🔸 रात 9:00 बजे – महा यज्ञ एवं बाउल संगीत
🔸 रात 9:30 बजे – महा भोग वितरण
📅 27 मई:
🔸 सुबह 5:30 बजे – महा यज्ञ आहुति
🙏 विशेष जानकारी:
- यह पूजा अब केवल आसनसोल नहीं, बल्कि पूरे बंगाल के एक प्रमुख धार्मिक आयोजन के रूप में प्रसिद्ध हो गई है।
- दूर-दूर से श्रद्धालु माँ घाघर बुधि के दर्शन और आशीर्वाद के लिए यहाँ पहुँचते हैं।
- धर्म चक्र सेवा समिति द्वारा आयोजित यह कार्यक्रम धार्मिक आस्था के साथ-साथ पर्यटन और संस्कृति को भी प्रोत्साहन दे रहा है।
- समिति को 80G टैक्स छूट पंजीकरण मिल चुका है, जिससे दानदाताओं को आयकर में राहत मिलेगी।
- भंडारा अब हर महीने 20+ दिन चलता है और भविष्य में इसे दैनिक सेवा में बदलने की योजना है।
🧑🤝🧑 प्रेस वार्ता में उपस्थित प्रमुख सदस्य:
रूपेश शॉ (अध्यक्ष), राधा गोबिंद सिंह (संस्थापक), हरिदास गोराई (सह-संस्थापक), श्यामलाल बोधवानी (सलाहकार), डॉ. दीपक मुखर्जी (सचिव), राधे श्याम सिंह, विकास सिंह, जितेन्द्र केवट, मदन ठाकुर, अजय सिंह, नयन रॉय, मिथिलेश पांडेय, राहुल सिंह, अमरदीप, राजीव।













