आसनसोल, पश्चिम बंगाल : बंगाली नव वर्ष ‘पहेला बैसाख’ के अवसर पर आसनसोल में रंग-बिरंगी परंपराओं और उत्साह का अद्भुत संगम देखने को मिला। आसनसोल सांस्कृतिक मंच की ओर से जी.टी. रोड पर निकाली गई भव्य शोभायात्रा ने शहर को सांस्कृतिक रंगों से सराबोर कर दिया।
🎉 मंत्री, नेता और महिलाएं उतरे पारंपरिक रंग में

इस शोभायात्रा में शामिल हुए पश्चिम बंगाल सरकार के मंत्री मलय घटक, तृणमूल जिला अध्यक्ष नरेंद्रनाथ चक्रवर्ती, नगर निगम चेयरमैन अमरनाथ चटर्जी, डिप्टी मेयर वाशिम उल हक, मेयर परिषद अभिजीत घटक, गुरदास चटर्जी समेत कई जनप्रतिनिधि।
सभी ने पारंपरिक बंगाली पोशाक में हिस्सा लेकर नव वर्ष का स्वागत किया।
👑 रंग-बिरंगी झांकियों और नारी शक्ति ने मोहा मन
महिलाएं पारंपरिक लाल-सफेद साड़ियों में सज-धजकर निकलीं, वहीं ढाक की ताल, धुनुची नृत्य, और सांस्कृतिक झांकियों ने शोभायात्रा को एक अनूठा भव्य स्वरूप दिया।
बंगाली संस्कृति, लोककला, और सांप्रदायिक सौहार्द का संदेश देती इस शोभायात्रा ने हजारों दर्शकों का मन मोह लिया।

🗣️ नेताओं के विचार – “पहेला बैसाख, एकता और संस्कृति का पर्व”
मंत्री मलय घटक ने कहा,
“पहेला बैसाख बंगाल की आत्मा है। ममता बनर्जी जिस तरह से हर वर्ग के लिए काम कर रही हैं, वही हमारी संस्कृति का सम्मान है। हम नववर्ष पर सबके सुख-समृद्धि की कामना करते हैं।”
जिला अध्यक्ष नरेंद्रनाथ चक्रवर्ती बोले,
“इस आयोजन में सभी धर्मों और समुदायों के लोग शामिल होते हैं। यही आसनसोल की सबसे बड़ी पहचान – भाईचारा और एकता है।”

📷 सोशल मीडिया पर वायरल हो रहे आयोजन की तस्वीरें
शोभायात्रा की तस्वीरें और वीडियो सोशल मीडिया पर तेजी से वायरल हो रहे हैं। खासकर ढाक बजाते युवाओं, धुनुची नृत्य करती महिलाओं और मंत्री-महापौर की पारंपरिक झलक ने लोगों को मंत्रमुग्ध कर दिया है।













