आसनसोल: आम जनता को एक बार फिर महंगाई का झटका देते हुए केंद्र की मोदी सरकार ने एलपीजी सिलेंडर की कीमत में ₹50 की बढ़ोतरी कर दी है। इस फैसले से हर घर की रसोई पर सीधा असर पड़ा है। जनता पहले ही महंगाई से जूझ रही थी, अब गैस के दामों में हुई इस बढ़ोतरी से आक्रोश और भी तेज़ हो गया है।
इस निर्णय के खिलाफ तृणमूल कांग्रेस ने आसनसोल नगर निगम वार्ड संख्या 84 में जोरदार विरोध प्रदर्शन किया। इस प्रदर्शन का नेतृत्व वार्ड पार्षद शह बोरो और नगर निगम अध्यक्ष डॉ. देवाशिस सरकार ने किया।
🗣️ कड़ी प्रतिक्रियाएं:
डॉ. देवाशिस सरकार ने कहा,
“केंद्र सरकार लगातार आम आदमी की जेब पर हमला कर रही है। न रोजगार है, न राहत। महंगाई ने जनता की कमर तोड़ दी है। हम मांग करते हैं कि एलपीजी की कीमत में हुई इस बढ़ोतरी को तुरंत वापस लिया जाए।”
वार्ड पार्षद शह बोरो ने कहा,
“यह सरकार सिर्फ उद्योगपतियों के लिए है, गरीबों के लिए नहीं। अगर यह फैसला वापस नहीं लिया गया, तो तृणमूल कांग्रेस सड़क से संसद तक आंदोलन करेगी।”
🔥 विरोध प्रदर्शन में क्या हुआ?
- सिलेंडर के मॉडल के साथ केंद्र सरकार का पुतला दहन
- नारेबाज़ी: “महंगाई डायन मोदी सरकार”, “गैस महंगा, जनता त्रस्त”
- महिलाओं की भागीदारी खास तौर पर रही मजबूत
- छात्रों व युवा कार्यकर्ताओं ने भी लिया हिस्सा
📢 TMC की चेतावनी:
तृणमूल कांग्रेस नेताओं ने चेतावनी दी है कि यदि केंद्र सरकार ने अविलंब एलपीजी के बढ़े दाम वापस नहीं लिए, तो राज्यभर में बड़े पैमाने पर विरोध प्रदर्शन किए जाएंगे।
📉 जनता की चिंता:
स्थानीय गृहिणी कविता देवी ने कहा,
“अब तो रसोई चलाना भी मुश्किल हो गया है। महीने का बजट पूरी तरह गड़बड़ हो गया है।”
दिहाड़ी मज़दूर मनोज यादव बोले,
“हमारी आमदनी वही है, लेकिन हर चीज़ महंगी होती जा रही है। सरकार सुनती ही नहीं।”
📝 निष्कर्ष:
एलपीजी की कीमतों में वृद्धि सिर्फ आर्थिक बोझ नहीं, बल्कि जनता की सहनशीलता की परीक्षा है। आने वाले समय में यह मुद्दा राजनीतिक रूप से बड़ा आंदोलन बन सकता है।










